कुत्ता गोली से बर्बादी की ओर युवा

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मुंबई- महाराष्ट्र के कई शहरों में इन दिनों बटन गोली या कुत्ता गोली ने हलचल मचा रखी है। दरअसल अल्फाजोलम दवा कोडवर्ड कुत्ता गोली या बटन गोली के नाम से धड़ल्ले से बेची जा रही है। इस दवा का इस्तेमाल नशे के लिए किया जा रहा है, जिससे कई युवा बर्बाद हो रहे हैं। हरकत में आए अन्न व औषधि प्रशासन (एफडीए) ने इसके खिलाफ पूरे राज्य में मुहिम छेड़ने की योजना बनाई है। विशेषकर मुस्लिम बाहुल्य इलाकों में यह दवा अवैध तरीके से बेची जा रही है, जिसमें अंतरराष्ट्रीय गिरोह सक्रिय है।

अल्फाजोलम पर कई राज्यों में प्रतिबंध

अल्फाजोलम दवा मानसिक अशांति को दूर करने के लिए उपयोग में लाई जाती है। बिना डॉक्टर के परामर्श से यह दवा मरीज को नहीं दी जा सकती। कई राज्यों में इस दवा पर प्रतिबंध है। डॉक्टर के परामर्श के बिना अल्फाजोलम दवा देने पर कानून में जुर्माने के साथ कारावास की सजा का प्रावधान है। बावजूद इसके दवा माफिया इस दवा को कोडवर्ड के नाम पर बेच रहे हैं। कोडवर्ड कुत्ता दवा या बटन दवा कहने पर दवा विक्रेता महंगी कीमत लेकर अल्फाजोलम दवा दे रहे हैं।

अन्य राज्यों से बसों और ट्रेन के माध्यम से अल्फाजोलम दवा की खेप अवैध तरीके से लाई जा रही है। दवा विक्रेता बिना किसी डॉक्टर की पर्ची लिए दवा महंगी कीमत पर धड़ल्ले से बेच रहे हैं। महाराष्ट्र में खासकर गोवंडी, भेंडी बाजार, भिंवडी, धुलिया, नाशिक जैसे मुस्लिम बहुल्य इलाकों में अल्फाजोलम दवा नशे को तौर पर बेची जा रही है। अन्न व औषधि विभाग के एक अधिकारी के अनुसार शराब की तरह इस दवा का सेवन किया जा रहा है। दवा का सेवन करने के बाद घंटों तक व्यक्ति नशे में धुत रहता है। यह दवा ड्रग्स में मिक्स करके भी ली जाती है। 

अन्न व औषधि विभाग के अधिकारी के मुताबिक अल्फाजोलम पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाना राज्य सरकार के लिए संभव नहीं है। यह दवाई है, जो डॉक्टरों की सलाह पर दी जाती है। इस संबंध में दवा विक्रेताओं को सूचित भी किया जा चुका है।  यदि उसका गैर इस्तेमाल हो रहा है, तो इस संबंध में नारकोटिक्स विभाग और पुलिस को कार्रवाई करनी चाहिए। इस संबंध में एफडीए की आयुक्त पल्लवी दराडे ने कहा कि इसे हमने गंभीरता से लिया है। एफडीए अधिकारियों की बैठक बुलाई गई है। पहले नाशिक में अवैध तरीके से अल्फाजोलम दवा बेचनेवालों के खिलाफ मुहिम छेड़ी जाएगी। मेडिकल स्टोरों में रखी गई अल्फाजोलम की खेप के लेखा-जोखे का मिलान किया जाएगा। एफडीए आयुक्त के मुताबिक राज्य के तमाम हिस्सों में दवा तस्करों के खिलाफ मुहिम छेड़ी जाएगी। 

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